Archive for January, 2013

कुम्भ मेला : अन्यत्र दुर्लभ एक नजारा

January 26, 2013
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चालीस वर्षों से अधिक समय से मैं संसद में हूं। एक समय था जब मिलने आने वाले लोग कोई न कोई काम कराने के लिए आते थे। उनमें से अधिकांश ऐसे थे जो टेलीफोन कनेक्शन चाहते थे। उनमें से अधिकतर का कहना रहता था कि उनका नाम प्रतीक्षा सूची में वर्षों से दर्ज है, फिर भी निकट भविष्य में उन्हें टेलीफोन कनेक्शन मिलने की संभावना नहीं दिखती।   मोबाइल फोन के आने के बाद स्थिति आमूलचूल बदल चुकी है। आज शायद ही कोई इस काम के लिए आता होगा। भारत में मोबाइल फोन उपभोक्ताओं की संख्या विश्व के किसी भी हिस्से की तुलना में तीव्रता से बढ़ रही है। ऐसा अनुमान प्रकट किया गया था कि सन् 2010 तक देश में मोबाइल फोन उपभोक्ताओं की संख्या 60 करोड़ से ज्यादा थी और इसके अलावा 15 मिलियन नए उपभोक्ताओं की संख्या हर महीने इसमें जुड़ती जा रही है। इंटरनेट उपयोग करने  … Continue reading कुम्भ मेला : अन्यत्र दुर्लभ एक नजारा

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नेहरु का सेकुलरिज्म भी हिन्दू मूल सिध्दांतों पर आधारित है

January 12, 2013
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इन दिनों मुझे हार्वर्ड की विद्वान डायना एल एक्क की एक उत्कृष्ट पुस्तक पढ़ने को मिली। पुस्तक का शीर्षक है: ‘इण्डिया: ए सेक्रिड जियोग्राफी‘।   कुछ इतिहासकार कहते हैं कि भारतीयों में इतिहास बोध की कमी है। पुस्तक के अध्याय 2 में ”व्हाट इज इण्डिया?” शीर्षक वाले अध्याय में लेखक, अनेकानेक शोधों पर आधारित पुस्तक में इस टिप्पणी का संदर्भ देते हैं लेकिन यह भी स्वीकारोक्ति करते हैं कि यद्यपि ”यह पाकर अनूठा लगा कि उनके (भारतीयों) पास भूगोल का विस्तृत ज्ञान है।” डायना आगे लिखती हैं:   ”उस समय जब इस भूमि की लम्बाई और चौड़ाई में घूमना अवश्य रुप से बहुत कठिन रहा होगा,, तब भी भौगोलिक ज्ञान की परम्पराएं दर्शाती हैं कि ऐसी यात्रा वस्तुत की जाती थीं। और यह भी उल्लेखनीय है कि उस समय जब इस उपमहाद्वीप में कोई राजनीतिक एकता नहीं थी तब भी जो इस क्षेत्र को सिकन्दर के साथ जोड़ते थे और … Continue reading नेहरु का सेकुलरिज्म भी हिन्दू मूल सिध्दांतों पर आधारित है

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EVEN NEHRU’S SECULARISM WAS BASED ON HINDU FOUNDATIONS

January 11, 2013
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An outstanding book I have run into these days is one by a renowned Harvard scholar Diana L Eck. The book is titled INDIA: A Sacred Geography.   Some historians say that Indians lack a sense of history. In chapter 2 of the book, captioned “What is India?” the author of this extremely well- researched book refers to such remarks, but goes on to affirm that it is however, “remarkable to discover that they (Indians) had a detailed sense of geography.” Diana adds:   Even in a time when travel throughout the length and breadth of the land must have been very difficult, there were traditions of geographical knowledge to suggest that such travel was indeed undertaken. And it is remarkable that even in a time when the subcontinent had no political unity whatsoever, those who described this territory to Alexander’s company thought of it and described it as a … Continue reading EVEN NEHRU’S SECULARISM WAS BASED ON HINDU FOUNDATIONS

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